रक्षाबंधन का शुभ मुहूर्त - Pratapgarh Samachar

Breaking

सोमवार, 7 अगस्त 2017

रक्षाबंधन का शुभ मुहूर्त

आज रक्षाबंधन का पर्व है। आज के  दिन बहनें अपने भाइयों की कलाई पर राखी बांधेगी व उनके उज्जवल भविष्य की कामना करेंगी। वहीं भाई जीवन भर अपनी बहनों की रक्षा करने के वचन देंगे। इस बार रक्षाबंधन पर चंद्रग्रहण का योग होने से सुबह 11.15 से दोपहर 1 बजे के मध्य दो घंटे का मुहूर्त राखी बांधने के लिए शुभ है।

श्रावण मास की पूर्णिमा को रक्षाबंधन का पर्व मनाया जाता है। रक्षाबंधन दो शब्दों से मिल कर बना है- रक्षा और बंधन। रक्षा का अर्थ है बचाना, सावधानी, सुरक्षा और बंधन का अर्थ है जिससे बांधा जाए। अर्थात् सुरक्षा के भाव से किसी से जुड़ना रक्षाबंधन है।
संस्कृति शब्द रक्षिका का अपभ्रंश शब्द राखी है। इसका अर्थ होता है रक्षा करना। हमें सुरक्षा मिलती है- प्रज्ञा से, प्रेम से, पवित्रता से। इन पर्वों पर हम वेद शिक्षा आरंभ करते हैं, यज्ञोपवीत पहनते हैं और रक्षासूत्र बंधवाते हैं। श्रावण पूर्णिमा को मनाए जाने वाला यह त्योहार भारतीय लोक जीवन में भाई-बहन के पवित्र स्नेह का प्रतीक है।

आज के दिन मात्र बहन ही भाइयों को राखी बांधती है, ऐसा आवश्यक नहीं है , बल्कि त्योहार मनाने के लिए धर्म के प्रति आस्था होना आवश्यक है। इसलिए इस पर्व में दूसरों की रक्षा के धर्म-भाव को विशेष महत्व दिया गया है। इस प्रकार यह दिन हमारी ज्ञान प्राप्ति की इच्छा और विचारों की पवित्रता के भाव को व्यक्त करता है।