 |
| आज सड़क पर ई-रिक्शा पलट गया |
पहले जब गरीब रिक्शा वाला दिन भर मेहनत करता तो 100 रुपये कमा पाता लेकिन आज जमाना ई-रिक्शा का है तो बेचारे गरीब रिक्शे वाले बड़ी मेहनत करके ई-रिक्शा खरीद कर चला रहे हैं । कई बड़े ठेकेदार और पैसे वाले बेहद गरीब रिक्शा चालक को ई -रिक्शा प्रतिदिन के किराए पर भी देते हैं ये हुई बात अच्छी वाली लेकिन अब आते हैं इसके बुरे पहलू पर आज लगभग हज़ारों की संख्या में ई-रिक्शा बिना रजिस्ट्रेशन के साथ प्रतापगढ़ शहर की सड़कों पर दौड़ते हैं।और सबसे बड़ी बात इनके चालाक 50% नाबालिक हैं और बाल श्रम विभाग वाले हाथ पर हाथ रखे सो रहे हैं।आज ट्रेजरी चौराहा से पहले तेज स्पीड में ओवर सवारियों से भरा ई-रिक्शा पलट गया जिससे कई सवारियों को चोट लग गयी। आइये बताते हैं आखिर कैसे नए जमाने के रिक्शों ने शहर की सूरत बदल दी है ।
- रात में ई-रिक्शा चालकों बैटरी बचाई जाती है जिसके लिए वो हेडलाइट का प्रयोग ही नहीं करते हैं दूसरे वाहनों से मिलने वाले प्रकाश से चलते हैं।
- महिला सवारी बैठाने पर भोजपुरी अश्लील गाने बजाते हैं ये ई-रिक्शा के चालक ।
- सरकार और कम्पनी का दावा फेल करने में जुटे ई-रिक्शा वाले।
- ई-रिक्शा की स्पीड 20 से 30 के बीच रहती है जिससे वो पलट जाते हैं और आये दिन कंहीं न कंहीं सवारियों को घायल करते रहते रहते हैं।
- ई-रिक्शा चालकों के पास ट्रैफिक रूल्स की कोई जानकारी नहीं है।
- सवारी को कहीं भी उतारने और चढ़ाने लगते हैं जिससे ट्रैफिक जाम लग जाता है ।
- ई-रिक्शा चालक बिना इंडिकेशन कहीं भी U-टर्न मार लेते हैं।
- ई-रिक्शा के रजिस्ट्रेशन को दे रखी है छूट जिसका फायदा पैसे वाले लोग उठा रहे हैं।
- मनमानी से रिक्शा चलाते है किसी भी कार में भिड़ा देते हैं ई-रिक्शा और कार चालक को लग जाती है चपत ।
- जबान पर लगाम नहीं है कंहीं भी कुछ भी बोल देते हैं और सवारियों के लिए झगड़ते हैं।