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प्रतापगढ़। प्रांत के अन्य जिलों के बाद अब बेल्हा प्रतापगढ़ में भी
महिलाओं व लड़कियों की चोटी काटने की अफवाह और घटनाये बढती जा रही है। ऐसे
में जिला प्रशासन भी चोटी कर्तन से जुडी और फैल रही अफवाह और ऐसी घटनाओं की
रोकथाम हेतु चौकीदार से लेकर उच्चस्तरीय लोगों की सहायता लेने की योजना
में है। जिस्सके लिए प्रशासन सभी थानेदारों को सचेत कर दिया गया है।
जनपद
में 2 महिलाओं और 1 किशोरी की चोटी काटने का घटना पुलिस व प्रशासन के
सामने आ चुका है। यद्यपि पुलिस को इन प्रकरणों में कोई वास्तविकता दिखाई
नही दे रही है। इसके बाद भी अफवाहों का बाजार चरम पर है। ऐसे में उच्च
अधिकारीयों ने अफवाहों पर रोक लगाने के उद्देश्य से थाना प्रभारियों अलर्ट
कर दिया है। उत्तर प्रदेश के DGP से लेकर एसपी अनेक बार दावा कर रहे कि कोई
भी चोटी कतरने वाली कोई डायन नहीं है। यह महज फर्जी रुमर है। अफवाह फैलाने
वालो के खिलाफ कठोर एक्शन लिया जायगा। इस हेतु अफवाहों से निपटने के लिए
प्रशासन द्वारा चौकीदार से लेकर पुलिस मित्र तक की सहायता ली जा रही है।
थानेदारों के माध्यम से सभी चौकीदारों को निर्देश दिया गया है कि अगर उनके
गाँव अथवा इलाके में ऐसी कोई भी प्रकरण सामने आती है तो वे सच्चाई का पता
लगाएं तथा तुरंत सूचना दें। अगर पान पट्टी, चाय की टपरी इत्यादि स्थानों पर
लोग ऐसी अफवाहों को सच बताते हुए ग्रामीणों व क्षेत्रवासियों को भयभीत
करें तो ऐसे लोगों का तुरंत नाम और पता बता दें, पुलिस उन पर कार्रवाई
करेगी। ऐसे किसी भी घटना की जानकारी मिले तो स्थानीय पुलिस गाँव के
संभ्रांत लोगों के साथ मौके पर जाये और प्रकरण को संज्ञान में लेते हुए
वास्तविकता का पता करे ताकि अफवाहों को विराम देने में सहयोग हो सके। अपर
पुलिस अधीक्षक पूर्वी राजकुमार अग्रवाल ने कहा कि सभी थानेदारों को सचेत
(अलर्ट) कर दिया गया है। ग्रामीणों से समन्वय बनाकर इस तरह की प्रकरणों की
हकीकत का पता लगाएं और ताबड़तोड़ कार्रवाई भी करें। यदि कोई गलत व असत्य
अफवाह फैलाता है तो उसके खिलाफ कानून व प्रशासन द्वारा कठोर कार्रवाई की
जाएगी।
