प्रतापगढ़ गौरव सम्मान से सम्मानित हुई जनपद की 15 विभूतियाँ - Pratapgarh Samachar

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रविवार, 30 जुलाई 2017

प्रतापगढ़ गौरव सम्मान से सम्मानित हुई जनपद की 15 विभूतियाँ


नागपंचमी के मौके पर शुक्रवार शाम जिले के मान्धाता विकास क्षेत्र अंतर्गत कटरा गुलाब सिंह स्थित प्रसिद्द पौराणिक स्थल  बाबा भयहरणनाथ धाम में वार्षिक घुघरी महोत्सव का आयोजन हुआ। घुघरी महोत्सव में गीत-संगीत की महफिल लगी थी, श्रोताओ और श्रद्धालुओ ने रंगारंग क्रायक्रम का लुफ्त उठाया. इस दौरान जनपद की 15 विभूतियों को, जिन्होंने विभिन्न क्षेत्रों में योगदान देकर जिले का मान बढाया हो ऐसे रत्नों को ‘प्रतापगढ़ गौरव सम्मान’ से विभूषित  किया गया।
इस अवसर पर चीफ गेस्ट थे पूर्व डिस्ट्रिक्ट मजिस्ट्रेट व भारतीय प्रशासनिक सेवा अधिकारी आर०एस० वर्मा, जिन्होंने कहा कि लोक संस्कृति के संवर्धन और बढ़ावा देने के लिए बाबा भयहरणनाथ धाम की गतिविधियाँ बहुत ही कल्याणकारी और प्रशंसनीय हैं। बाबा भयहरण नाथ धाम क्षेत्रीय विकास संस्थान के महासचिव एवं बकुलाही पुनरोद्धार अभियान के संयोजक समाजसेवी डॉ० समाज शेखर ने बताया कि यह अविश्रांत और कठोर प्रयास का ही परिणाम है कि जिले की बकुलाही नदी में आज लगातार जल-प्रवाह है. इस शुभ अवसर पर अलग-अलग क्षेत्रों की जिले के 15 विभूतियों को प्रतापगढ़ गौरव सम्मान से सम्मानित किया गया। 

इन विभूतियों को मिला प्रतापगढ़ गौरव सम्मान 

  1. स्व० मुनीश्वर दत्त उपध्याय जी (प्रतापगढ़ के भूतपूर्व सांसद) को प्रतापगढ़ में शिक्षा के विकास हेतु (मरणोपरांत) 
  2. स्व० अद्या प्रसाद मिश्र उन्मत्त जी को अवधि भाषा के विकास व विस्तार एवं अवधि साहित्य में योगदान हेतु (मरणोपरांत) 
  3. डॉ० शिवानी मातनहेलिया को शास्त्रीय संगीत के क्षेत्र में विशिष्ट योगदान हेतु 
  4. डॉ० ओंकार नाथ उपाध्याय को हिंदी साहित्य के संवर्धन व विकास हेतु 
  5. हेमंत नंदन ओझा को लोक संस्कृति के विकास हेतु 
  6. राजा अनिल प्रताप सिंह को प्राचीन विरासत एवं परंपरा को आधुनिक स्वरूप देने हेतु 
  7. अजय क्रांतिकारी को पर्यावरण संरक्षण हेतु 
  8. सागर केसरवानी को जीव संरक्षण के क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्य हेतु 
  9. डॉ० श्रद्धा सिंह को महिला सशक्तीकरण और अधिकारों की रक्षा हेतु 
  10. दुर्गेश सिंह को योग के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान हेतु 
  11. संतोष भगवन को पत्रकारिता के क्षेत्र में अति विशिष्ट योगदान हेतु 
  12. विनोद विहारी श्रीवास्तव को रंगकर्म के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान हेतु 
  13. डॉ० दयाराम मौर्य ‘रत्न’ को लेखन के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान हेतु 
  14. मंगला चरण मिश्र को लावारिश लाशों के मशीहा के रूप में सतत प्रयास हेतु 
  15. निर्झर प्रतापगढ़ी यक्ष और युधिष्ठिर संवाद पुरातत्व स्थल अजगरा के जीर्णोधारक एवं भारत का प्रथम ग्रामीण संग्रहालय की स्थापना व सफल सञ्चालन हेतु
इसके अतिरिक्त आयोजक मंडल द्वारा 6 महिलाओं को गुड़िया सम्मान दे कर सम्मानित किया गया, जिनमे डॉ० रंजना त्रिपाठी, डॉ० प्रीता त्रिपाठी, रजिया सुल्तान, ईरम फातिया  और आभा मिश्र शामिल रही. होलागढ़ की बीडीओ अधिकारी सर्वश्रेष्ठ महिला अधिकारी सम्मान से नवाजा गया

इस अवसर पर लालता प्रसाद मिश्र, देवी प्रसाद मिश्र, राज कुमार शुक्ल, राज नारायण मिश्र, धीरेंद्र शुक्ल, अजय अग्रहरि, पंडित भोलानाथ तिवारी, भोला पांडे, लालजी सिंह, दिनेश कुमार अग्रहरि आदि लोग उपस्थित रहे।