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महिला अपराध में काफी प्रयास के बावजूद भी रोक नही लगाया जा सका है। इस कारण अब राज्य की योगी सरकार ने अभियान में थोड़ा सा परिवर्तन किया है। महिला अपराध से सम्बंधित ऐसे प्रकरणों में जिनमें आरोपी पर चार्जशीट यानी आरोपपत्र दाखिल हो गई है, उन पर कार्रवाई ककरने की तैयारी है। ऐसे शोहदों की लिस्ट रेडी कर उनके विरुद्ध गुंडा एक्ट के अंतर्गत कार्रवाई होगी। उत्तर प्रदेश सरकार महिला अपराध पर रोक लगाने का ताल ठोकती रही है मगर वास्तिविकता के धरातल पर इसके उलट ही रही। जो भी कोशिश इसको लगाम लगाने के लिए किये गए वह नाकाफी ही रहे। घर, हो अथवा मार्किट या विद्यालय हर जगह महिला अपराध से सम्बन्धित मामलों की बहुलता रही है। इस राह में प्रतापगढ़ जनपद भी पीछे नहीं है। बाज़ार में महिलाओ के साथ, कॉलेज व स्कूल जा रही युवतियों व छात्राओं के साथ छेड़छाड़ व दुष्कर्म के मामलों में निरंतर बढ़ोत्तरी हो रहा है। औरतों के साथ छेड़छाड़ दुष्कर्म की घटनाओं को अंजाम देने वाले बदमाश उचक्कों के खिलाफ कठोर कदम उठाकर महिला से जुड़े क्राइम रोंकने के लिए प्रांत की योगी आदित्यनाथ की गवर्नमेंट ने नई पहल की है। इसका उत्तरदायित्व पुलिस को सौंपी गई है। प्रदेश सरकार की इस इनिशिएटिव में वुमन क्राइम से जुड़े अपराधियों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की रूपरेखा बना ली है। महिला और छात्राओं के साथ ऐसे अपराध को अंजाम देने वाले आरोपी जिनकी चार्जशीट पुलिस ने तैयार कर भेज दी गई है। उनके खिलाफ अब गुंडा एक्ट अधिनियम के अंतर्गत सख्त कार्रवाई की जाएगी। इस प्रक्रिया को प्रारंभ कर दिया गया है। थानों से ऐसे आपराधियों और बदमाशों की लिस्ट मांगी गई है। अब अपराधियों की लिस्ट रेडी की जा रही है। योगी गवर्नमेंट को उम्मीद है कि इस कठोर कदम से UP में बढ़ रहे महिला क्राइम में कमी आएगी।
